छत्तीसगढ़

नाबालिग साली से दुष्कर्म के मामले में जीजा को 20 साल की सजा, कोर्ट ने सुनाया कड़ा फैसला

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

चांपा। नाबालिग साली के साथ दुष्कर्म के गंभीर मामले में विशेष न्यायालय (पॉक्सो) ने बड़ा फैसला सुनाते हुए आरोपी जीजा को 20 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही आरोपी पर 500 रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। अर्थदंड नहीं चुकाने की स्थिति में उसे एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। यह निर्णय अपर सत्र न्यायाधीश (पॉक्सो) अनिल कुमार बारा द्वारा सुनाया गया।

क्या है मामला
अभियोजन पक्ष के अनुसार, पीड़िता ने 14 अगस्त 2023 को चांपा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि वह आठ बहनों और एक भाई में से एक है। उसकी दो बड़ी बहनों की शादी हो चुकी है। दूसरी बहन गर्भवती होने के कारण पिछले तीन माह से अपने पति के साथ उनके ही घर में रह रही थी।

पीड़िता की मां सब्जी बेचने का कार्य करती है, जबकि पिता का पहले ही निधन हो चुका है। 13 अगस्त 2023 की रात जब पीड़िता काम से घर लौटी, तो उसकी मां ने बताया कि उसकी गर्भवती बहन को पेट में दर्द हो रहा है। जब उसने बहन से इसका कारण पूछा तो बहन ने रोते हुए बताया कि पिछले एक माह से उसका जीजा उसके साथ अश्लील हरकत कर रहा है।

बहन ने खुलासा किया कि 8 अगस्त को, यानी आदिवासी दिवस से एक दिन पहले, आरोपी ने बाथरूम में नहाते समय उसे जबरन अंदर खींच लिया और दुष्कर्म किया। डर के कारण उसने यह बात किसी से साझा नहीं की। दो दिन बाद फिर आरोपी ने उसी प्रकार की हरकत दोहराई।

मजबूत पैरवी और सजा
घटना की रिपोर्ट के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच पूरी कर अभियोग पत्र विशेष न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी को पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत दोषी ठहराते हुए 20 साल की कठिन कैद की सजा सुनाई।

इस मामले में विशेष लोक अभियोजक चंद्रप्रताप सिंह ने प्रभावी पैरवी करते हुए पीड़िता को न्याय दिलाया।

न्याय का यह निर्णय समाज के लिए एक सख्त संदेश है कि नाबालिगों के साथ अपराध करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।

Advertisement

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button