छत्तीसगढ़ में ‘आदर्श शहर समृद्धि योजना’ की शुरुआत, शहरी ढांचे को आधुनिक बनाने की बड़ी पहल

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के शहरी बुनियादी ढांचे को आधुनिक और सुदृढ़ बनाने के लिए एक महत्वाकांक्षी पहल ‘आदर्श शहर समृद्धि योजना’ शुरू की है। इस योजना के पहले चरण के लिए राज्य के 32 नगरीय निकायों का चयन किया गया है। इनमें सभी संभागों के तहत आने वाले नगरीय निकाय शामिल है। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार, इस योजना का उद्देश्य शहरों में जीवन की गुणवत्ता में सुधार करना है।
योजना के तहत मुख्य रूप से इन कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। बुनियादी सुविधाएं सड़क, ड्रेनेज, जलापूर्ति और परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाना। सामाजिक बुनियादी ढांचा-पार्क, आवास, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार करना। स्मार्ट और सुरक्षित शहर- ई-गवर्नेस, स्मार्ट ट्रैफिक सिस्टम, सुरक्षा प्रणाली और शिकायत निवारण तंत्र को लागू करना। सतत विकास हरित क्षेत्रों का विकास, नवीकरणीय ऊर्जा का उपयोग और जल संरक्षण के कार्य करना।
पहले चरण में शामिल शहर
योजना के तहत चयनित 32 निकायों को पांचों संभागों में बांटा गया है। बस्तर संभाग (6 निकाय) सुकमा, भोपालपट्टनम, गीदम, केशकाल, पखांजूर, और नरहरपुर। दुर्ग संभाग (5 निकाय) पंडरिया, खैरागढ़, गुरूर, घुमका, और छुईखदान रायपुर संभाग (6 निकाय) कुरुद, महासमुंद, आरंग, बलौदाबाजार, पिथौरा, और चंदखुरी । बिलासपुर संभाग (9 निकाय) तखतपुर, मुंगेली, लोरमी, जांजगीर-नैला, सक्ती, बिल्हा, घरघोड़ा, पुसौर, और सरिया। सरगुजा संभाग (6 निकाय) सूरजपुर, पत्थलगांव, मनेन्द्रगढ़, लखनपुर, कोतबा, और कुनकुरी। शासन की ओर से इस योजना को प्राथमिकता दी जा रही है, जिसका उद्देश्य भविष्य में इन शहरों को आत्मनिर्भर और समृद्ध बनाना है।
छोटे शहर भी होंगे बड़े शहरों की तरह सर्वसुविधायुक्तः साय
इस संबंध में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि हमारी सुशासन सरकार बड़े शहरों के साथ-साथ उभरते नगरों और कस्बों के संतुलित एवं समवग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है। आदर्श शहर समृद्धि योजना के माध्यम से नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों में अधोसंरचना, जन सुविधाओं और रोजगार के नए अवसरों को सुनियोजित ढंग से विकसित किया जाएगा। राज्य सरकार छोटे शहरों को भी बड़े शहरों की तरह सर्वसुविधायुक्त और आधुनिक बनाने के लिए लगातार कार्य कर रही है तथा यह योजना प्रदेश के शहरी विकास को नई गति और नई दिशा देने का काम करेगी।
उपमुख्यमंत्री साव ने कही ये बात
उपमुख्यमंत्री व नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री अरुण साव ने कहा है कि, आदर्श शहर समृद्धि योजना राज्य के छोटे और मध्यम शहरों के व्यवस्थित विकास की महत्वपूर्ण पहल है। इस योजना के माध्यम से सड़क, जलापूर्ति, ड्रेनेज, स्मार्ट सुविधाओं, हरित क्षेत्र और नागरिक सेवाओं को मजबूत किया जाएगा। कार्यों के चयन के लिए संभाग स्तरीय समितियों का गठन कर प्रक्रिया को पारदर्शी और परिणाम मुखी बनाया ठाया है तथा सरकार की प्राथमिकता प्रदेश के हर नगर में नागरिकों को बेहतर अधोसंरचना और गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराना है।






