मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विभिन्न गरबा महोत्सवों में की शिरकत, बोले- महिला सशक्तिकरण प्रदेश की प्रगति का आधार

रायपुर में मां काली मंदिर में दर्शन-पूजन कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना, नवरात्रि को बताया नारी सम्मान और सामाजिक एकता का प्रतीक
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि नवरात्रि का पावन पर्व शक्ति की आराधना के साथ नारी शक्ति के सम्मान, सामाजिक एकता और गौरवशाली सांस्कृतिक परंपराओं का प्रतीक है। भारतीय संस्कृति में नारी को शक्ति का स्वरूप माना गया है। इसी भावना के अनुरूप राज्य सरकार माताओं-बहनों के सम्मान, सुरक्षा, स्वावलंबन और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। महिलाओं की प्रगति केवल परिवार ही नहीं, बल्कि पूरे समाज और प्रदेश की उन्नति का आधार है।
मुख्यमंत्री श्री साय राजधानी रायपुर में आयोजित विभिन्न गरबा एवं नवरात्रि महोत्सवों में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने प्रदेशवासियों को नवरात्रि की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
मां काली मंदिर में की पूजा-अर्चना
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय कालीबाड़ी स्थित मां काली मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने माता के दर्शन-पूजन कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इसके बाद उन्होंने राजधानी में आयोजित विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों में सहभागिता की।
मुख्यमंत्री मंडी परिसर में श्री कच्छ कड़वा पाटीदार समाज द्वारा आयोजित श्री पाटीदार नवरात्रि महोत्सव और भानपुरी में आयोजित गरबा समारोह में शामिल हुए। इसके साथ ही गोवर्धन नगर में कच्छ गुर्जर क्षत्रिय समाज के नवरात्रि महोत्सव तथा अमलीडीह क्षेत्र में आयोजित ढोलिडा रास गरबा-2026 में भी उन्होंने शिरकत की।
नवरात्रि हमें साहस, संयम और सदाचार की देती है प्रेरणा
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नवरात्रि के अवसर पर पूरे देश और प्रदेश में भक्ति, श्रद्धा और उल्लास का वातावरण बनता है। नौ दिनों तक शक्ति स्वरूपा मां दुर्गा के विभिन्न स्वरूपों की आराधना हमें जीवन में साहस, संयम, सकारात्मकता और सदाचार के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है।
उन्होंने कहा कि नवरात्रि केवल धार्मिक आस्था का पर्व नहीं, बल्कि हमारी सांस्कृतिक चेतना को मजबूत करने का अवसर भी है। ऐसे आयोजन समाज में प्रेम, सद्भाव और समरसता की भावना को प्रोत्साहित करते हैं तथा लोगों को अपनी परंपराओं से जोड़ते हैं।
महिलाओं का सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने नारी शक्ति के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि महिलाओं को सम्मान, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता के अवसर उपलब्ध कराना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। महिलाओं की शिक्षा, आर्थिक स्वावलंबन और सामाजिक भागीदारी बढ़ने से परिवार मजबूत होते हैं और प्रदेश के विकास को नई गति मिलती है।
राजधानी में आयोजित विभिन्न गरबा एवं नवरात्रि महोत्सवों में मुख्यमंत्री की सहभागिता के दौरान धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपराओं और सामाजिक एकजुटता का संदेश सामने आया।






