CG Mission Vatsalya Bharti Fraud: सरकारी नौकरी तलाश रहे छत्तीसगढ़ के युवाओं को निशाना बनाकर एक संगठित ठगी गिरोह सक्रिय हो गया है। महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत संचालित मिशन वात्सल्य योजना के नाम पर फर्जी भर्ती और नकली नियुक्ति पत्र जारी किए जाने का मामला सामने आया है।
शिकायतें मिलने के बाद विभाग ने इसे गंभीरता से लेते हुए राज्यभर के युवाओं के लिए आधिकारिक चेतावनी जारी की है। विभाग का कहना है कि कुछ असामाजिक तत्व बेरोजगार युवाओं को सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगी कर रहे हैं और इसके लिए विभाग के नाम, लेटरहेड और दस्तावेजों का दुरुपयोग किया जा रहा है।
फर्जी लेटरहेड और नकली सील का इस्तेमाल
विभागीय जानकारी के अनुसार ठग बेहद सुनियोजित तरीके से युवाओं को अपने जाल में फंसा रहे हैं। आरोपियों द्वारा महिला एवं बाल विकास विभाग और मिशन वात्सल्य योजना के नाम से फर्जी लेटरहेड तैयार किए जा रहे हैं।
इन दस्तावेजों में नकली सील और जाली हस्ताक्षरों का उपयोग कर उन्हें पूरी तरह सरकारी दस्तावेज जैसा दिखाया जा रहा है। इससे नौकरी की तलाश कर रहे युवाओं को यह विश्वास हो जाता है कि नियुक्ति प्रक्रिया वैध है और वे ठगी का शिकार बन जाते हैं।
बिना परीक्षा और इंटरव्यू नौकरी का झांसा
गिरोह द्वारा विभाग में रिक्त संविदा पदों पर तत्काल नियुक्ति का लालच दिया जा रहा है। युवाओं को बताया जाता है कि बिना परीक्षा और बिना किसी आधिकारिक साक्षात्कार के सीधे नौकरी दिलाई जा सकती है।
इसके बदले उनसे बड़ी रकम की मांग की जाती है। विभाग को मिली शिकायतों में यह भी सामने आया है कि कई अनधिकृत एजेंट और फर्जी कॉलर खुद को विभाग का अधिकारी बताकर फोन कॉल और सोशल मीडिया के माध्यम से संपर्क कर रहे हैं। ये लोग चयन प्रक्रिया में विशेष पहुंच होने का दावा कर युवाओं को भ्रमित कर रहे हैं।
आधिकारिक वेबसाइटों पर ही मिलेगी जानकारी
महिला एवं बाल विकास विभाग ने स्पष्ट किया है कि विभागीय संविदा अथवा नियमित पदों पर भर्ती से जुड़ी हर वैध और अधिकृत जानकारी केवल सरकारी वेबसाइटों पर ही प्रकाशित की जाती है। ऐसे में किसी भी विज्ञापन, कॉल या संदेश पर भरोसा करने से पहले उम्मीदवारों को आधिकारिक पोर्टल पर जानकारी का सत्यापन करना चाहिए।
विभाग ने युवाओं से अपील की है कि वे नियमित रूप से छत्तीसगढ़ शासन के आधिकारिक पोर्टल और महिला एवं बाल विकास विभाग की वेबसाइट पर नजर बनाए रखें तथा किसी भी अनधिकृत स्रोत की जानकारी पर भरोसा न करें।
संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत पुलिस को दें सूचना
विभाग ने बताया कि मामले में कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यदि किसी व्यक्ति को फर्जी नियुक्ति पत्र, संदिग्ध भर्ती प्रक्रिया, धोखाधड़ी से जुड़ी कॉल या किसी एजेंट की गतिविधि की जानकारी मिलती है तो इसकी तत्काल सूचना पुलिस को दी जानी चाहिए।
विभाग ने लोगों से निकटतम पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराने के साथ ही डायल 112 और डायल 100 पर सूचना देने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि समय रहते सूचना मिलने पर ऐसे गिरोहों पर प्रभावी कार्रवाई की जा सकती है।
चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी: डॉ. रेणुका श्रीवास्तव
महिला एवं बाल विकास विभाग की संचालक डॉ. रेणुका श्रीवास्तव ने कहा है कि विभाग के अंतर्गत होने वाली सभी नियुक्तियां पूरी तरह पारदर्शी और निर्धारित शासकीय नियमों के अनुरूप की जाती हैं। किसी भी भर्ती प्रक्रिया में किसी बिचौलिये, एजेंट या बाहरी व्यक्ति की कोई भूमिका नहीं होती।
उन्होंने युवाओं और अभिभावकों से अपील की है कि वे नौकरी दिलाने का दावा करने वाले किसी भी व्यक्ति के झांसे में न आएं और किसी भी प्रकार का आर्थिक लेनदेन न करें। विभाग ने साफ किया है कि केवल अधिकृत माध्यमों से जारी सूचना ही मान्य होगी।