रांची में CISF ईस्टर्न सेक्टर द्वारा मानक कार्यप्रणाली संरचना में भागीदारी प्रदान, रमेश दास महंत को मिला दायित्व

रांची | खनन एवं खनिज प्रशासन से जुड़ी बड़ी पहल खन खनिज विकास एवं विनियम अधिनियम 1957 तथा भारत सरकार के संशोधित गजेटेड अधिसूचना 2025 के तहत मानक कार्यप्रणाली संरचना (Standard Operating Structure) में भागीदारी को लेकर एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक कदम सामने आया है। इसी क्रम में CISF ईस्टर्न सेक्टर, रांची द्वारा यह भागीदारी प्रदान किए जाने की जानकारी सामने आई है।
रमेश दास महंत को रांची में मिला महत्वपूर्ण दायित्व
प्राप्त जानकारी के अनुसार दिनांक 5 जून 2026 को रांची में आयोजित प्रक्रिया के दौरान रमेश दास महंत को इस मानक कार्यप्रणाली संरचना में भागीदारी प्रदान की गई है। इस निर्णय को खनन सुरक्षा और प्रशासनिक समन्वय के दृष्टिकोण से एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।
खनन सुरक्षा और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल की भूमिका पर जोर
CISF ईस्टर्न सेक्टर की यह पहल खनन क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने, संचालन प्रक्रियाओं को मानकीकृत करने और विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय को बेहतर बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। इससे खनिज उत्पादन से जुड़े क्षेत्रों में निगरानी और सुरक्षा ढांचे को और अधिक प्रभावी बनाने की उम्मीद जताई जा रही है।
प्रशासनिक और सुरक्षा व्यवस्था में सहयोग की नई दिशा
विशेषज्ञों का मानना है कि इस प्रकार की भागीदारी से खनन क्षेत्रों में पारदर्शिता, सुरक्षा और तकनीकी समन्वय को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, इससे संबंधित संस्थाओं के बीच बेहतर तालमेल स्थापित होने की संभावना भी बढ़ेगी।
रांची में हुई यह प्रक्रिया खनन प्रशासन और सुरक्षा व्यवस्था के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखी जा रही है, जिसमें रमेश दास महंत की भूमिका को औपचारिक रूप से शामिल किया गया है।







