फर्जी दस्तावेजों से ट्रेलर हड़पकर कबाड़ में बेचा, रायगढ़ पुलिस ने मुख्य आरोपी को किया गिरफ्तार

रायगढ़। जिले के कोतरारोड थाना क्षेत्र में फर्जी पहचान और जाली दस्तावेजों के जरिए ट्रेलर वाहन हड़पने और उसे कबाड़ में बेचने का बड़ा मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी सुदामा प्रधान उर्फ छोटू को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है, जबकि उसका साथी फरार बताया जा रहा है।
किराये के नाम पर रची गई ठगी की साजिश
प्रार्थी हरदीप सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि करीब दो वर्ष पूर्व एक व्यक्ति ने खुद को राकेश डनसेना बताकर ट्रेलर किराये पर लेने की बात कही थी। 80 हजार रुपये मासिक किराये पर सौदा तय हुआ और 50 रुपये के स्टाम्प पर फर्जी किरायानामा तैयार किया गया।
आरोपी ने सुरक्षा के नाम पर एचडीएफसी बैंक का एक ब्लैंक चेक भी दिया, लेकिन कुछ समय बाद वाहन लेकर फरार हो गया और मोबाइल बंद कर दिया।
असली पहचान उजागर, वाहन रायपुर में बेचा गया
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी का असली नाम सुदामा प्रधान (28 वर्ष) है, जो पुसौर क्षेत्र के गहलोई गांव का निवासी है। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी ने अपने साथी गुरप्रीत सिंह के साथ मिलकर ट्रेलर को रायपुर ले जाकर 5 लाख 20 हजार रुपये में कबाड़ के रूप में बेच दिया।
गोदाम में काटकर कबाड़ बना दिया गया ट्रेलर
पुलिस जांच के अनुसार, रायपुर के गुढ़ियारी क्षेत्र में स्थित एक गोदाम में ट्रेलर को काटकर कबाड़ बना दिया गया। पुलिस अब फरार आरोपी और इस पूरे नेटवर्क की तलाश में जुटी है।
गिरफ्तारी और आगे की कार्रवाई
पुलिस ने आरोपी के पास से बचे हुए 15 हजार रुपये बरामद किए हैं। उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच जारी है।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा है कि इस तरह की फर्जीवाड़ा और संपत्ति हड़पने वाले अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और नागरिकों से वाहन या संपत्ति देने से पहले पूरी जांच करने की अपील की है।







