इंद्रावती टाइगर रिजर्व : बाघ खाल तस्करी मामले में बड़ी कार्रवाई, तीसरी खाल बरामद, चौकीदार समेत कई आरोपी गिरफ्तार

आत्मसमर्पित नक्सलियों की संलिप्तता का दावा, वन विभाग सोमवार को कर सकता है बड़ा खुलासा
रायपुर। छत्तीसगढ़ के इंद्रावती टाइगर रिजर्व में बाघ के शिकार और खाल तस्करी मामले में जांच एजेंसियों को बड़ी सफलता मिली है। संयुक्त कार्रवाई के दौरान तीसरी बाघ की खाल बरामद की गई है, जबकि एक अन्य खाल की बरामदगी अभी बाकी है। मामले में इंद्रावती टाइगर रिजर्व के एक चौकीदार को भी गिरफ्तार किया गया है।
तीसरी खाल बरामद, आठ आरोपी गिरफ्तार
सूत्रों के अनुसार, वाइल्ड लाइफ क्राइम कंट्रोल ब्यूरो, यूएसटीआर की एंटी पोचिंग स्क्वॉड, इंद्रावती टाइगर रिजर्व और पुलिस की संयुक्त टीम अब तक बाघ की खाल और कंकाल तस्करी मामले में आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। गिरफ्तार आरोपियों में महाराष्ट्र पुलिस के दो जवान भी शामिल बताए जा रहे हैं।
आत्मसमर्पित नक्सलियों की संलिप्तता का दावा
सूत्रों का दावा है कि इस मामले में महाराष्ट्र के दो आत्मसमर्पित नक्सलियों को भी गिरफ्तार किया गया है। यदि इसकी आधिकारिक पुष्टि होती है, तो यह पहली बार होगा जब आत्मसमर्पित नक्सलियों का नाम किसी वन्यजीव तस्करी प्रकरण में सामने आया है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, जंगल की भौगोलिक जानकारी का फायदा उठाकर तस्कर वन्यजीवों के शिकार और तस्करी के लिए उनका इस्तेमाल कर रहे थे। हालांकि, इसकी आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।
सिंडिकेट के अन्य सदस्यों की तलाश जारी
जांच एजेंसियां गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर पूरे तस्करी नेटवर्क का पता लगाने में जुटी हैं। वन विभाग अपने मुखबिर तंत्र की मदद से इस सिंडिकेट से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रहा है। अधिकारियों के अनुसार, मामले में सोमवार को विस्तृत खुलासा किया जा सकता है।
वन विभाग करेगा निगरानी और सख्त
वनबल प्रमुख अरुण पाण्डेय ने कहा कि इंद्रावती टाइगर रिजर्व सहित प्रदेश के सभी टाइगर रिजर्व और बाघों की आवाजाही वाले क्षेत्रों में गश्त बढ़ाई जाएगी। साथ ही मुखबिर तंत्र को और मजबूत किया जाएगा तथा एंटी स्नेयर वॉक अभियान के माध्यम से जंगलों को फंदामुक्त कर शिकार और तस्करी पर प्रभावी रोक लगाने का प्रयास किया जाएगा।







