छत्तीसगढ़ में बनेगा क्रॉम्पटन, हैवेल्स और उषा जैसे ब्रांडों का सामान, 152 करोड़ की फैक्ट्री से 3,500 युवाओं को मिलेगा रोजगार

Nava Raipur Electronics Manufacturing Unit: छत्तीसगढ़ अब तक देशभर में खनिज, स्टील और बिजली उत्पादन के लिए अपनी पहचान रखता रहा है, लेकिन अब प्रदेश इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग के क्षेत्र में भी नई पहचान बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। नवा रायपुर में राज्य की पहली कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण इकाई स्थापित होने जा रही है। करीब 152.74 करोड़ रुपये के निवेश से बनने वाली इस फैक्ट्री में उत्पादन शुरू होने के बाद लगभग 3,500 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है। इससे प्रदेश के स्थानीय युवाओं के लिए अपने ही राज्य में रोजगार के नए अवसर खुलेंगे।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मौजूदगी में हुआ भूमिपूजन
नवा रायपुर में 16 अक्टूबर 2026 को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की उपस्थिति में यश फैन्स एंड एप्लायंसेज लिमिटेड की प्रस्तावित फैक्ट्री का भूमिपूजन किया गया। कंपनी इस परियोजना के माध्यम से छत्तीसगढ़ में अपनी पहली विनिर्माण इकाई स्थापित करने जा रही है।
करीब 152.74 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना को प्रदेश के औद्योगिक विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। फैक्ट्री के निर्माण और उत्पादन गतिविधियों के शुरू होने से औद्योगिक क्षेत्र में नई संभावनाएं विकसित होने की उम्मीद है।
क्रॉम्पटन, हैवेल्स, उषा और मिल्टन जैसे ब्रांडों के लिए होगा उत्पादन
इस फैक्ट्री की सबसे खास बात यह है कि यहां रोजमर्रा के घरेलू उपयोग में आने वाले इलेक्ट्रिकल और किचन उपकरणों का निर्माण किया जाएगा। हैदराबाद की यश फैन्स एंड एप्लायंसेज लिमिटेड मुख्य रूप से इलेक्ट्रिक पंखों और रसोई में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों के निर्माण से जुड़ी कंपनी है।
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, कंपनी क्रॉम्पटन, हैवेल्स, उषा और मिल्टन जैसे प्रमुख ब्रांडों के लिए भी उत्पाद तैयार करती है। नवा रायपुर में स्थापित होने वाली नई इकाई में भी इन ब्रांडों के लिए उत्पादन किए जाने की योजना है। हालांकि, फैक्ट्री में तैयार होने वाले उत्पादों की विस्तृत सूची और उत्पादन क्षमता को लेकर अभी पूरी जानकारी सामने नहीं आई है।
3,500 युवाओं को मिलेगा रोजगार, तकनीकी उम्मीदवारों को भी अवसर
इस परियोजना से करीब 3,500 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने का अनुमान है। फैक्ट्री में उत्पादन शुरू होने के बाद मशीन संचालन, असेंबली, गुणवत्ता परीक्षण, पैकेजिंग, वेयरहाउसिंग और प्रबंधन जैसे विभिन्न विभागों में कर्मचारियों की जरूरत होगी।
इसका लाभ आईटीआई, पॉलिटेक्निक और इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने वाले युवाओं को भी मिल सकता है। विशेष रूप से इलेक्ट्रिकल और मैकेनिकल क्षेत्र में तकनीकी प्रशिक्षण प्राप्त उम्मीदवारों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना है।
औद्योगिक विकास के साथ बदलेगी छत्तीसगढ़ की पहचान
नवा रायपुर में इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण इकाई की स्थापना से छत्तीसगढ़ के औद्योगिक क्षेत्र में विविधता आने की उम्मीद है। अब तक खनिज आधारित उद्योगों के लिए पहचाने जाने वाले प्रदेश में उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन की शुरुआत स्थानीय स्तर पर औद्योगिक गतिविधियों को विस्तार दे सकती है।






