बिलासपुर जोन में ट्रेनों की रफ्तार ‘साइकिल’ जैसी, यात्री परेशान; मालगाड़ियों को प्राथमिकता पर उठे सवाल

रायगढ़। Raigarh में रेलवे परिचालन व्यवस्था को लेकर यात्रियों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है। बिलासपुर जोन में यात्री ट्रेनों की गति लगातार धीमी होने से सफर का समय तय सीमा से कई घंटे अधिक लग रहा है, जिससे दैनिक यात्री, नौकरीपेशा और छात्र सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं।
बिलासपुर जोन में यात्री ट्रेनों की रफ्तार पर सवाल
जानकारी के अनुसार, Indian Railways के Bilaspur Railway Zone में प्रवेश करते ही यात्री ट्रेनों की रफ्तार काफी कम हो जाती है। रायगढ़ से बिलासपुर के बीच जहां सामान्य पैसेंजर ट्रेनें लगभग तीन घंटे में पहुंचती हैं, वहीं जनशताब्दी एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों को चार से पांच घंटे तक लग रहे हैं।
मालगाड़ियों को प्राथमिकता देने से बढ़ी देरी
यात्रियों का आरोप है कि कई स्टेशनों पर यात्री ट्रेनों को रोककर मालगाड़ियों को पहले निकाला जा रहा है। इसके चलते ट्रेनों को बार-बार रोकना पड़ता है, जिससे न केवल यात्रा समय बढ़ रहा है बल्कि यात्रियों की परेशानी भी लगातार बढ़ती जा रही है।
जनशताब्दी और उत्कल एक्सप्रेस सबसे ज्यादा प्रभावित
बताया जा रहा है कि जनशताब्दी एक्सप्रेस और उत्कल एक्सप्रेस सहित कई प्रमुख ट्रेनें रोजाना देर से चल रही हैं। रायगढ़ पहुंचने का निर्धारित समय रात 10 बजे होने के बावजूद जनशताब्दी कई बार रात 12 से 1 बजे तक पहुंच रही है। वहीं उत्कल एक्सप्रेस गुरुवार को लगभग 7 घंटे की देरी से रायगढ़ पहुंची।
लाइन विस्तार के बावजूद सुधार नहीं
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, जहां एक ओर लाइन विस्तार कर यातायात क्षमता बढ़ाई जा रही है, वहीं दूसरी ओर मालगाड़ियों की संख्या में लगातार वृद्धि से यात्री ट्रेनों का संचालन प्रभावित हो रहा है। इससे रेलवे की प्राथमिकता नीति पर भी सवाल उठ रहे हैं।
यात्रियों में आक्रोश, आंदोलन की आशंका
लगातार हो रही देरी के कारण यात्रियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। दैनिक यात्रियों का कहना है कि किराया एक्सप्रेस ट्रेनों का लिया जा रहा है, लेकिन सेवा पैसेंजर स्तर की भी नहीं मिल पा रही है। स्थिति में सुधार नहीं होने पर आंदोलन की संभावना भी जताई जा रही है।







