Uncategorised

Rajya Seva Pariksha Bharti : छह वर्षों में पदों की संख्या लगभग दोगुनी, परीक्षा-2025 में रिकॉर्ड 265 पदों से युवाओं को बड़ी राहत

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

राज्य सेवा परीक्षा की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए यह साल बड़ी राहत और उम्मीद लेकर आया है। पिछले छह वर्षों में राज्य सेवा परीक्षा के पदों की संख्या लगभग दोगुनी हो चुकी है। वर्ष 2020 में जहां केवल 143 पदों के लिए विज्ञापन जारी हुआ था, वहीं राज्य सेवा परीक्षा-2025 में यह आंकड़ा बढ़कर रिकॉर्ड 265 पदों तक पहुंच गया है। यह न सिर्फ प्रशासनिक विस्तार का संकेत है, बल्कि युवाओं के लिए बढ़ते अवसरों का प्रमाण भी है।

संशोधनों के बाद बढ़ी पदों की संख्या

राज्य लोक सेवा आयोग (CGPSC Bharti) द्वारा 26 नवंबर को जारी प्रारंभिक विज्ञापन में कुल 238 पद शामिल किए गए थे। इसके बाद पिछले 16 दिनों में दो बार संशोधन किया गया। 3 दिसंबर को समाज कल्याण विभाग में सहायक संचालक का एक पद जोड़ा गया, जबकि 12 दिसंबर को सहकारिता विभाग के 26 नए पद शामिल किए गए।

इन पदों में सहकारी निरीक्षक/सहकारिता विस्तार अधिकारी के 19 और सहायक पंजीयक के 7 पद शामिल हैं। इसके साथ ही कुल पदों की संख्या 265 हो गई।

नायब तहसीलदार और CMO के सबसे अधिक पद

राज्य सेवा परीक्षा-2025 में सबसे ज्यादा पद नायब तहसीलदार और मुख्य नगर पालिक अधिकारी (CMO) के हैं। नायब तहसीलदार के कुल 51 पद निर्धारित किए गए हैं। वहीं बैकलॉग सहित मुख्य नगर पालिक अधिकारी के भी 51 पद हैं, जिनमें वर्ग-ख के 18, वर्ग-ग के 29 और बैकलॉग के 4 पद शामिल हैं। इसके अलावा राज्य कर निरीक्षक के 16, अधीनस्थ लेखा सेवा अधिकारी के 15 और उप पंजीयक के 12 पद भी शामिल किए गए हैं।

पुलिस और प्रशासनिक सेवाओं में भी बढ़ोतरी

राज्य पुलिस सेवा में इस बार 28 पद रखे गए हैं, जबकि डिप्टी कलेक्टर के लिए 14 पद निर्धारित किए गए हैं। चार वर्षों के अंतराल के बाद डिप्टी कलेक्टर और उप पुलिस अधीक्षक के कुल 42 पद राज्य सेवा परीक्षा में शामिल किए गए हैं। इससे पहले वर्ष 2021 में इन पदों की संख्या 45 थी, जबकि 2024 में यह घटकर 28 रह गई थी।

छह साल में 122 पदों की ऐतिहासिक बढ़ोतरी

आंकड़ों पर नजर डालें तो 2020 से 2025 के बीच राज्य सेवा परीक्षा में कुल 122 पदों की बढ़ोतरी हुई है। वर्ष 2020 में 143 पद, 2021 में 171, 2022 में 210, 2023 में 242, 2024 में 246 और अब 2025 में यह संख्या 265 तक पहुंच चुकी है। यह साफ तौर पर दर्शाता है कि राज्य सरकार और प्रशासनिक ढांचा लगातार विस्तार की ओर बढ़ रहा है।

Advertisement
Advertisement

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button