श्रीरामलला एवं तीर्थ दर्शन योजना से लौटे श्रद्धालुओं का भव्य सम्मान समारोह

रायगढ़। जिला प्रशासन रायगढ़ द्वारा नगर निगम ऑडिटोरियम में श्रीरामलला दर्शन योजना एवं मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना में शामिल वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान हेतु एक भव्य सम्मेलन का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने भगवान श्रीराम की छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर रामायण की आरती गूंजने से पूरा वातावरण राममय हो गया। वित्त मंत्री चौधरी ने श्रद्धालुओं को पुष्पगुच्छ भेंटकर और उनके चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लिया।
सम्मेलन में श्रीरामलला दर्शन योजना एवं मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना की अविस्मरणीय स्मृतियों को संजोए हुए एक विशेष वीडियो प्रस्तुति भी प्रदर्शित की गई, जो कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण बनी।
इस अवसर पर नगर निगम रायगढ़ महापौर जीवर्धन चौहान, जिला पंचायत उपाध्यक्ष दीपक सिदार, नगर निगम सभापति डिग्रीलाल साहू, जिला पंचायत सदस्य सुषमा खलखो, अरुणधर दीवान, रविन्द्र गबेल, श्रीकांत सोमावार, विकास केडिया, सतीश बेहरा, पवन शर्मा, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी, जिला पंचायत सीईओ जितेंद्र यादव सहित प्रशासनिक अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
वित्त मंत्री चौधरी का संबोधन
नवरात्रि पर्व के पावन अवसर पर आयोजित इस सम्मेलन को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि आज का दिन अत्यंत शुभ और ऐतिहासिक है। श्रद्धालुओं का सम्मान करना उनके लिए आत्मिक सुख और संतोष का विषय है।
उन्होंने कहा कि प्रभु श्रीराम भारतीय संस्कृति के मर्यादा पुरुषोत्तम हैं और उनका छत्तीसगढ़ से गहरा नाता रहा है। माता कौशल्या छत्तीसगढ़ की बेटी थीं, इस कारण भगवान श्रीराम को हम भांजा मानते हैं।
उन्होंने कहा कि त्रेता युग में भगवान श्रीराम का वनवास 14 वर्षों में समाप्त हो गया था, किंतु कलयुग में राम मंदिर निर्माण का संघर्ष 500 वर्षों तक चला। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में यह संघर्ष समाप्त हुआ और भव्य श्रीराम मंदिर निर्माण संभव हो पाया, जो करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का प्रतीक है।
वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार ने श्रीरामलला दर्शन योजना और मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना शुरू करने का वादा किया था और आज यह योजना बुजुर्गों के सपनों को साकार करने वाला आशीर्वाद साबित हो रही है। उन्होंने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे अपने गांवों में राम के आदर्शों और उनके संस्कारों को जन-जन तक पहुँचाएं।
अन्य जनप्रतिनिधियों के उद्गार
- महापौर जीवर्धन चौहान ने कहा कि माता-पिता हमें जन्म देकर योग्य बनाते हैं और जीवन के अंतिम पड़ाव में उन्हें सम्मान व सुरक्षा मिलना सबसे बड़ी आकांक्षा होती है। मुख्यमंत्री की पहल से शुरू हुई इस योजना ने गरीब परिवारों के बुजुर्गों को बड़ा सहारा दिया है।
- जिला पंचायत उपाध्यक्ष दीपक सिदार ने कहा कि यह हमारे लिए सौभाग्य है कि इतनी बड़ी योजना सरकार ने लागू की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राम मंदिर निर्माण का सपना पूरा हुआ और अब मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ को विकसित राज्य बनाने का संकल्प लिया गया है।
- अरुणधर दीवान ने कहा कि यह हमारे लिए गौरव की बात है कि हम उन श्रद्धालुओं का अभिनंदन कर रहे हैं जो भगवान श्रीराम के साक्षात दर्शन कर लौटे हैं। हमारी सरकार हमेशा संस्कृति और आस्था के संरक्षण को प्राथमिकता देती है।
योजनाओं की जानकारी
कार्यक्रम में जिला पंचायत सीईओ जितेंद्र यादव ने बताया कि तीर्थयात्रियों के लिए आवास, भोजन, परिवहन और स्वास्थ्य सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की जाती है। प्रत्येक यात्री को एक विशेष पहचान पत्र भी प्रदान किया जाता है। उन्होंने कहा कि आगामी यात्राओं में शामिल होने के इच्छुक लोग जिला पंचायत कार्यालय या नगर निगम कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।












