Raipur News: अग्रसेन जयंती महोत्सव में राज्यपाल और मुख्यमंत्री शामिल, परोपकार व रोजगार सृजन में अग्रवाल समाज की भूमिका को सराहा

रमेन डेका बोले—महाराजा अग्रसेन का ‘एक ईंट, एक रुपया’ सिद्धांत आपसी सहयोग की मिसाल; मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में समाज के योगदान को बताया महत्वपूर्ण
रायपुर। राजधानी रायपुर के श्री अग्रसेन धाम में आयोजित श्री अग्रसेन जयंती महोत्सव 2026 में राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान दोनों ने महाराजा अग्रसेन के आदर्शों, समाजसेवा, परोपकार और आर्थिक विकास में अग्रवाल समाज के योगदान को रेखांकित किया। राज्यपाल ने प्रदेशवासियों को शारदीय नवरात्रि एवं अग्रसेन जयंती की शुभकामनाएं भी दीं।
महाराजा अग्रसेन के आदर्श आज भी प्रासंगिक : राज्यपाल
राज्यपाल रमेन डेका ने कहा कि महाराजा अग्रसेन ने समाज को दानशीलता, परोपकार और आपसी सहयोग का संदेश दिया। उनके द्वारा प्रतिपादित ‘एक ईंट, एक रुपया’ का सिद्धांत सामूहिक सहयोग और आत्मनिर्भरता की प्रेरक मिसाल है। यह विचार समाज के प्रत्येक व्यक्ति को आगे बढ़ने में सहयोग देने की भावना को मजबूत करता है।
उन्होंने कहा कि अग्रवाल समाज व्यापार और उद्योग के साथ-साथ सामाजिक कार्यों में भी योगदान दे रहा है। विभिन्न क्षेत्रों में समाज के लोगों की भागीदारी से रोजगार के अवसर पैदा होते हैं और अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलती है।
नई पीढ़ी को पारंपरिक मूल्यों से जुड़ने का संदेश
राज्यपाल ने कहा कि महाराजा अग्रसेन की शिक्षाएं समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने नई पीढ़ी से आह्वान किया कि त्वरित सफलता की दौड़ में पारंपरिक मूल्यों, परिश्रम और सामाजिक जिम्मेदारियों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
उन्होंने ज्ञान अर्जित करने और जरूरतमंदों की सहायता करने के महत्व पर भी जोर दिया। राज्यपाल ने कहा कि परिवारों में व्यवसाय को आगे बढ़ाने की परंपरा के साथ सामाजिक दायित्वों का निर्वहन भी आवश्यक है। उन्होंने असम के सिनेमा के विकास में ज्योति प्रसाद अग्रवाल के योगदान का उल्लेख करते हुए कहा कि समाज के सभी वर्गों की सहभागिता से ही बेहतर समाज का निर्माण संभव है।
उद्योग और व्यापार से बढ़ सकते हैं रोजगार के अवसर
राज्यपाल रमेन डेका ने कहा कि छत्तीसगढ़ में उद्योग और व्यवसाय के विस्तार की व्यापक संभावनाएं हैं। यदि उद्यमी उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाकर नए व्यवसाय और उद्योग स्थापित करते हैं, तो इससे अधिक लोगों को रोजगार मिल सकता है।
उन्होंने अग्रवाल समाज से राज्य की आर्थिक संभावनाओं का उपयोग करते हुए विकास में योगदान देने की अपील की।
विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में समाज की अहम भूमिका : मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में अग्रवाल समाज महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। उन्होंने समाज की परोपकार और सेवा परंपरा का उल्लेख करते हुए कहा कि स्वास्थ्य शिविरों, गौसेवा, धर्मशालाओं, सामूहिक विवाह आयोजनों और निःशुल्क शिक्षा जैसे कार्यों के माध्यम से समाज जरूरतमंदों की सहायता करता रहा है।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में गौमाता के लिए एम्बुलेंस के लोकार्पण का उल्लेख करते हुए इसे सेवा भावना का उदाहरण बताया।
2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य के अनुरूप काम
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2047 तक विकसित भारत बनाने का लक्ष्य रखा है। इसी दिशा में छत्तीसगढ़ सरकार भी विजन डॉक्यूमेंट के आधार पर राज्य के विकास के लिए मिशन मोड में काम कर रही है।
उन्होंने राज्य की जीएसडीपी को 5 लाख करोड़ रुपये से बढ़ाकर 75 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचाने के लक्ष्य का उल्लेख किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ खनिज, वनोपज, बिजली और जल संसाधनों से समृद्ध है। इन संसाधनों और उद्यमशीलता का बेहतर उपयोग राज्य में आर्थिक गतिविधियों तथा रोजगार के अवसरों को बढ़ा सकता है।
उन्होंने कहा कि अग्रवाल समाज अपने व्यापारिक प्रयासों के जरिए राज्य की प्रगति में योगदान दे रहा है।
समाजसेवा के साथ रोजगार सृजन में भी योगदान
स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल ने कहा कि अग्रवाल समाज व्यापार के माध्यम से लोगों को रोजगार उपलब्ध कराने के साथ-साथ समाजसेवा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने महाराजा अग्रसेन के समानता और आत्मनिर्भरता के संदेश को वर्तमान समय में भी प्रासंगिक बताया।
कार्यक्रम में महाराजा अग्रसेन के आदर्शों, सामाजिक सहयोग और सेवा भावना को याद करते हुए समाज के आर्थिक एवं सामाजिक योगदान पर जोर दिया गया।






