रायगढ़ में इस्कॉन जन्माष्टमी महामहोत्सव का भव्य समापन, कृष्ण भक्ति में झूमे 10 हजार श्रद्धालु

हरे कृष्ण महामंत्र के संकीर्तन से गूंजा होटल अंश का सभागार, बाल महोत्सव और कृष्णलीला ने बांधा समां
रायगढ़। इस्कॉन प्रचार केंद्र रायगढ़ द्वारा आयोजित तीन दिवसीय श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महामहोत्सव का भव्य समापन भक्तिमय वातावरण में हुआ। होटल अंश के सभागार में आयोजित अंतिम दिन के कार्यक्रम में भक्ति, संगीत, नृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का अनूठा संगम देखने को मिला। हरे कृष्ण महामंत्र के संकीर्तन, बाल महोत्सव, कृष्णलीला के म्यूजिकल मंचन, महाभिषेक और पुष्पाभिषेक में करीब 10 हजार श्रद्धालुओं ने सहभागिता की और प्रसादम ग्रहण किया।
कृष्ण-राधा के रूप में सजे नन्हे कलाकारों ने मोहा मन
अंतिम दिन कार्यक्रम की शुरुआत बाल महोत्सव से हुई। बड़ी संख्या में नन्हे बच्चे भगवान श्रीकृष्ण, राधा रानी और अन्य देवी-देवताओं के स्वरूप में सजकर पहुंचे। बच्चों की फैंसी ड्रेस, भक्ति गीत, नृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने उपस्थित श्रद्धालुओं का मन मोह लिया।
इसके बाद भगवान श्रीकृष्ण की विभिन्न लीलाओं पर आधारित म्यूजिकल नाट्य प्रस्तुति हुई। संगीत, अभिनय और नृत्य के माध्यम से कृष्ण की लीलाओं को मंच पर जीवंत किया गया, जिससे पूरा सभागार भक्तिमय वातावरण में डूब गया।
4 और 5 सितंबर को आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को भी कार्यक्रम के दौरान पुरस्कृत किया गया।
‘हरे कृष्ण, हरे राम’ के जयघोष से गूंजा सभागार
महोत्सव का सबसे प्रमुख आकर्षण हरिनाम संकीर्तन रहा। जैसे ही हरे कृष्ण महामंत्र की धुन शुरू हुई, बच्चे, युवा और बुजुर्ग श्रद्धालु भक्ति में झूमने लगे। देखते ही देखते पूरा सभागार ‘हरे कृष्ण, हरे राम’ के जयघोष से गूंज उठा।
इस्कॉन रायपुर के मुख्य पुजारी एवं इस्कॉन प्रचार केंद्र रायगढ़ के प्रभारी मिथिलापति प्रभु ने बताया कि रायगढ़ में इस्कॉन की ओर से चौथी बार जन्माष्टमी महामहोत्सव आयोजित किया गया है। उन्होंने कहा कि संकीर्तन भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति से जुड़ने के साथ जीवन में सकारात्मकता और आनंद का संदेश देने का माध्यम है।
51 द्रव्यों से हुआ श्रीकृष्ण का महाभिषेक
महोत्सव के दौरान भगवान श्रीकृष्ण को पालकी में विराजित कर विशेष महाभिषेक कराया गया। 51 प्रकार के द्रव्यों से भगवान का अभिषेक किया गया, जिसके बाद पुष्पाभिषेक हुआ। महाआरती और भगवान श्रीकृष्ण के जयकारों के बीच तीन दिवसीय महामहोत्सव का समापन हुआ।
आयोजन में रायगढ़ के अलावा राजनांदगांव, खैरागढ़, रायपुर, भिलाई और भुवनेश्वर से भी श्रद्धालु पहुंचे। अलग-अलग शहरों से आए भक्तों ने संकीर्तन, सेवा और अन्य धार्मिक गतिविधियों में सहभागिता की।
रायगढ़ में प्रस्तावित इस्कॉन मंदिर का डिजाइन लॉन्च
जन्माष्टमी महामहोत्सव के दौरान रायगढ़ में प्रस्तावित इस्कॉन मंदिर परिसर का डिजाइन भी लॉन्च किया गया। मंदिर निर्माण के लिए कम से कम ढाई एकड़ भूमि की आवश्यकता बताई गई है और इसके लिए उपयुक्त जमीन की तलाश की जा रही है।
प्रस्तावित परिसर में मुख्य मंदिर के साथ गोविंदा रेस्टोरेंट, गौशाला, गेस्ट हाउस, पार्किंग और विशाल लॉन विकसित करने की योजना है। मंदिर बनने के बाद यह परिसर धार्मिक गतिविधियों के साथ आध्यात्मिक एवं सामाजिक आयोजनों का भी प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल होगी।
तीन दिनों तक चले इस महामहोत्सव ने रायगढ़ में कृष्ण भक्ति, संकीर्तन और सांस्कृतिक सहभागिता का ऐसा वातावरण बनाया, जिसमें हजारों श्रद्धालु एक साथ भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति में सराबोर नजर आए।






