छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट को मिल सकता है नया मुख्य न्यायाधीश, जस्टिस केआर मोहपात्रा के नाम की सिफारिश

बिलासपुर। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के अगले मुख्य न्यायाधीश के लिए ओडिशा हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति केआर मोहपात्रा के नाम की सिफारिश की है। कॉलेजियम की 6 अगस्त 2026 को हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। यह सिफारिश वर्तमान मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा के 4 सितंबर 2026 को सेवानिवृत्त होने के बाद होने वाली नियुक्ति के लिए की गई है।
4 सितंबर के बाद संभाल सकते हैं जिम्मेदारी
वर्तमान मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा 4 सितंबर को सेवानिवृत्त होंगे। इसके बाद नियुक्ति प्रक्रिया पूरी होने पर न्यायमूर्ति केआर मोहपात्रा छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश की जिम्मेदारी संभाल सकते हैं। हालांकि, अंतिम नियुक्ति केंद्र सरकार की प्रक्रिया और औपचारिक अधिसूचना के बाद ही होगी।
कौन हैं न्यायमूर्ति केआर मोहपात्रा?
न्यायमूर्ति केआर मोहपात्रा का जन्म 18 अप्रैल 1965 को हुआ था। उन्होंने बीए और एलएलबी की शिक्षा हासिल की है। वे दिवंगत न्यायमूर्ति शरत चंद्र मोहपात्रा के पुत्र हैं। 7 फरवरी 1988 को उन्होंने ओडिशा स्टेट बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में नामांकन कराया था। इसके बाद उन्होंने सिविल, सर्विस, क्रिमिनल और संवैधानिक कानून समेत विभिन्न क्षेत्रों में करीब 26 वर्षों तक वकालत की।
सरकार और प्रमुख संस्थाओं की पैरवी
वकालत के दौरान न्यायमूर्ति मोहपात्रा ने ओडिशा सरकार और ओडिशा लोक सेवा आयोग के अतिरिक्त स्थायी अधिवक्ता के रूप में सेवाएं दीं। इसके अलावा उन्होंने केंद्रीय सहकारी बैंकों, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओपन स्कूलिंग, नीलाचल इस्पात निगम लिमिटेड और बैंक ऑफ बड़ौदा सहित विभिन्न संस्थाओं का कानूनी पक्ष भी रखा।
2015 में हाईकोर्ट के न्यायाधीश बने
न्यायमूर्ति केआर मोहपात्रा को 17 अप्रैल 2015 को ओडिशा हाईकोर्ट के न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत किया गया था। तब से वे ओडिशा हाईकोर्ट में न्यायिक दायित्व निभा रहे हैं। अब सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने उनके नाम की सिफारिश छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के पद के लिए की है।






