Uncategorised

गुरु पूर्णिमा पर रामनगरी अयोध्या श्रद्धा से सराबोर, सरयू स्नान व मंदिरों में उमड़ी भक्तों की भीड़

Advertisement
Advertisement
Advertisement

अयोध्या। गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर बुधवार को रामनगरी अयोध्या श्रद्धा और आस्था से सराबोर रही। तड़के सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु सरयू घाटों पर पहुंचे और विधि-विधान के साथ पुण्य स्नान किया। स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने श्रीरामजन्मभूमि, हनुमानगढ़ी, कनक भवन सहित अन्य प्रमुख मंदिरों में दर्शन-पूजन कर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।

गुरु पूजन और धार्मिक आयोजनों का हुआ आयोजन

गुरु पूर्णिमा के अवसर पर विभिन्न आश्रमों और मंदिरों में गुरु पूजन, भजन-कीर्तन एवं धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया। शिष्यों ने अपने गुरुजनों का सम्मान कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। दिनभर मंदिरों और घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली।

सुरक्षा और व्यवस्थाओं पर प्रशासन की नजर

श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने प्रमुख मंदिरों एवं सरयू घाटों पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की गईं।

गुरु परंपरा स्थलों का हो रहा पर्यटन विकास

प्रदेश सरकार गुरु परंपरा से जुड़े धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थलों के संरक्षण और पर्यटन विकास पर विशेष ध्यान दे रही है। महोबा में गुरु गोरखनाथ की 51 फीट ऊंची कांस्य प्रतिमा स्थापित की गई है, जबकि अमेठी के जायस में उनकी 25 फीट ऊंची योग मुद्रा वाली प्रतिमा का निर्माण जारी है।

इसके अलावा वाराणसी स्थित सीर गोवर्धन धाम (संत रविदास जन्मस्थली), देवरिया के देवरहा बाबा आश्रम, हापुड़ के गुरु तेग बहादुर गुरुद्वारा और मुजफ्फरनगर के रविदास मंदिर सहित कई धार्मिक स्थलों के विकास कार्य जारी हैं।

प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि गुरु पूर्णिमा भारतीय गुरु-शिष्य परंपरा और सांस्कृतिक मूल्यों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का महत्वपूर्ण पर्व है। सरकार संतों, ऋषियों और गुरुओं से जुड़े स्थलों का संरक्षण करते हुए वहां आधुनिक पर्यटन सुविधाओं का विस्तार कर रही है।

Advertisement
Advertisement

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button