मानसून सत्र को लेकर प्रशासन अलर्ट: कलेक्टर ने लगाई छुट्टियों पर रोक, अधिकारियों को मुख्यालय में रहने के निर्देश

मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर। जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने और आगामी छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान सभी विभागीय कार्यों को समयबद्ध रूप से संचालित करने के उद्देश्य से जिला कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने बड़ा निर्णय लिया है। उन्होंने जिले के सभी शासकीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों के अवकाश पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। यह आदेश आगामी विधानसभा सत्र को ध्यान में रखते हुए जारी किया गया है।
कलेक्टर के आदेश के अनुसार 13 जुलाई से 17 जुलाई 2026 तक आयोजित होने वाले विधानसभा मानसून सत्र के दौरान जिले में किसी भी प्रकार के प्रशासनिक कार्य प्रभावित न हों, इसके लिए सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मुख्यालय में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं।
विधानसभा प्रश्नों के जवाब समय पर देने की तैयारी, प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि विधानसभा सत्र के दौरान जिले से संबंधित प्रश्नों के उत्तर समयबद्ध और तथ्यात्मक रूप से तैयार कर शासन को भेजना अत्यंत आवश्यक होता है। इसी कारण सभी विभागों को सतर्क रहने और आवश्यक तैयारियां पहले से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं।
कलेक्टर ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी को अत्यंत आवश्यक या अपरिहार्य कारणों से अवकाश पर जाना हो अथवा मुख्यालय छोड़ना हो, तो इसके लिए सक्षम अधिकारी की पूर्व अनुमति अनिवार्य होगी।
बिना अनुमति मुख्यालय छोड़ने पर कार्रवाई की चेतावनी
जारी आदेश में यह भी कहा गया है कि किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को संबंधित विभागाध्यक्ष या कार्यालय प्रमुख की लिखित अनुमति के बिना मुख्यालय छोड़ने की अनुमति नहीं होगी। प्रशासन ने इसे शासन स्तर पर कार्यों के निर्बाध संचालन के लिए जरूरी कदम बताया है।
प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत करने पर जोर
जिला प्रशासन का मुख्य उद्देश्य विधानसभा में पूछे जाने वाले प्रश्नों के सटीक और प्रमाणिक उत्तर उपलब्ध कराना तथा प्रशासनिक कार्यों में किसी भी प्रकार की बाधा को रोकना है। इसके लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
कलेक्टर द्वारा जारी यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।







