‘ड्रिंक एंड ड्राइव’ पर पुलिस की कड़ाई का असर

सड़क हादसों में कमी, लेकिन शराब की खपत में रिकॉर्ड बढ़ोतरी
पुलिस प्रशासन की सख्त कार्रवाई और जागरूकता अभियानों के चलते जिले में ‘ड्रिंक एंड ड्राइव’ मामलों में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है, जिसका सीधा असर सड़क दुर्घटनाओं, घायलों और मौतों के घटते आंकड़ों में देखा जा रहा है। हालांकि, इसी अवधि के दौरान शराब की खपत में तेज़ वृद्धि चिंता का विषय बनी हुई है।
एक वर्ष में 1,112 ‘ड्रिंक एंड ड्राइव’ केस, 1,019 अदालत में प्रस्तुत
पिछले 11 महीनों में जिले में 1,112 लोग शराब के नशे में वाहन चलाते पकड़े गए, जिनमें से 1,019 मामलों को न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है।
मोटर वाहन अधिनियम की धारा 185 के तहत इन पर न्यूनतम 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया।
इस सख्ती के चलते केवल ‘ड्रिंक एंड ड्राइव’ मामलों से ही पुलिस ने 1 करोड़ 1 लाख 90 हजार रुपये का राजस्व वसूला है।
सड़क हादसों में आई गिरावट
पुलिस की लगातार कार्रवाई का सकारात्मक असर जिले की सड़क सुरक्षा पर दिखाई दे रहा है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विश्वदीप त्रिपाठी ने बताया कि कड़ाई के चलते सड़क हादसे और मृत्यु दर दोनों में गिरावट आई है।
सड़क दुर्घटना के आंकड़े
| वर्ष/अवधि | सड़क हादसे | घायल | मौतें |
|---|---|---|---|
| साल 2024 | 332 | 203 | 222 |
| जनवरी–नवंबर 2025 | 284 | 233 | 190 |
हालांकि घायलों की संख्या में मामूली बढ़ोतरी हुई है, कुल हादसे और मौतों में स्पष्ट कमी दर्ज हुई है।
शराब की खपत में चिंताजनक उछाल
जहाँ ‘ड्रिंक एंड ड्राइव’ मामलों में कमी आई है, वहीं जिले में शराब की कुल खपत में तेजी से बढ़ोतरी देखी जा रही है।
बलरामपुर, राजपुर, वाड्रफनगर, रामानुजगंज और कुसमी स्थित मदिरा दुकानों से हर महीने करोड़ों की बिक्री हो रही है।
अक्टूबर 2024 बनाम अक्टूबर 2025 — बिक्री में भारी बढ़त
- अक्टूबर 2024 की बिक्री: ₹2,59,93,350
- अक्टूबर 2025 की बिक्री: ₹3,65,86,130
- सीधी वृद्धि: ₹1,05,92,780
यह आंकड़ा बताता है कि एक वर्ष में शराब की खपत में तीव्र वृद्धि हुई है।
सात महीनों में 6.24 करोड़ की बढ़ोतरी
आबकारी विभाग के आंकड़ों के अनुसार, अप्रैल से अक्टूबर 2025 के बीच शराब बिक्री में बेहद तेज़ उछाल दर्ज किया गया:
- अप्रैल–अक्टूबर 2024 बिक्री: ₹18,83,80,250
- अप्रैल–अक्टूबर 2025 बिक्री: ₹25,08,67,300
- कुल बढ़ोतरी: ₹6,24,87,050












