राजनांदगांव के मोहड़ गांव में अवैध रेत खनन के विरोध पर माफियाओं का हमला, ग्रामीण गंभीर रूप से घायल

राजनांदगांव, छत्तीसगढ़ | 12 जून 2025
राजनांदगांव जिले के मोहड़ गांव में अवैध रेत खनन के खिलाफ आवाज उठाना ग्रामीणों को भारी पड़ गया। बुधवार रात जब कुछ स्थानीय निवासियों ने शिवनाथ नदी के पास रेत चोरी कर रहे माफियाओं को रोकने की कोशिश की, तो उन पर जानलेवा हमला कर दिया गया। इस हमले में युवक रोशन मंडावी को गोली छूती हुई निकल गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। दो अन्य ग्रामीणों को भी बेरहमी से पीटा गया।
घटना के बाद तीनों घायलों को तत्काल राजनांदगांव मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। हमले के बाद गांव में तनाव का माहौल फैल गया है। गुस्साए ग्रामीणों ने पुलिस की गाड़ियों को गांव में घुसने से रोका और जमकर नारेबाजी की। उनका आरोप है कि शिवनाथ नदी में लंबे समय से अवैध रेत खनन जारी है, लेकिन प्रशासन की निष्क्रियता ने माफियाओं के हौसले बुलंद कर दिए हैं।
गोली चलने के दावे, पुलिस कर रही जांच
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। एडिशनल एसपी राहुलदेव शर्मा ने बताया कि गांव में रेत को लेकर विवाद की स्थिति है। गोली चलने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन कुछ ग्रामीणों ने दावा किया है कि फायरिंग हुई थी। फिलहाल मौके पर पुलिस बल तैनात है और स्थिति को नियंत्रण में रखने के प्रयास किए जा रहे हैं।
पुरानी शिकायतें, मगर कार्रवाई नहीं
गांववालों का कहना है कि उन्होंने कई बार प्रशासन को अवैध रेत खनन की शिकायत की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की चुप्पी माफियाओं को संरक्षण देती नजर आ रही है।
जांच जारी, ग्रामीणों से संवाद की कोशिश
पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और ग्रामीणों से बातचीत कर स्थिति को सामान्य करने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन की तरफ से अब तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन ग्रामीणों में आक्रोश स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है।
इस घटना ने एक बार फिर छत्तीसगढ़ में अवैध रेत खनन और उससे जुड़ी माफिया गतिविधियों को लेकर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।












