रायगढ़ में युवक की संदिग्ध मौत के बाद ग्रामीणों का चक्काजाम

3 घंटे तक जाम में फंसे वाहन, यात्रियों को भारी परेशानी, पुलिस ने दर्ज किया अपराध
रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक युवक की संदिग्ध मौत के बाद ग्रामीणों ने निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर सड़क जाम कर दिया। घटना धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र की है। चक्काजाम की वजह से घंटों तक यातायात ठप रहा और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
जंगल में पेड़ से लटका मिला युवक का शव
जानकारी के अनुसार, रैरूमा गांव के जंगल किनारे 18 वर्षीय माइकल मिंज का शव पेड़ से फांसी पर लटका मिला था। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू की थी। इसी बीच, ग्रामीणों को लगा कि मामले की जांच निष्पक्ष तरीके से नहीं हो रही है। इसको लेकर 25 सितंबर को बड़ी संख्या में ग्रामीण रैरूमाखुर्द नवापारा चौक पर जमा हुए और सड़क जाम कर दी।
घंटों तक रुकी रफ्तार
ग्रामीणों के अचानक चक्काजाम से सड़क पर लंबा जाम लग गया। पत्थलगांव से कोरबा की ओर जाने वाली आदर्श बस सहित कई भारी वाहन फंस गए। बस में सवार यात्री और पुलिसकर्मी ग्रामीणों को समझाने की कोशिश करते रहे, लेकिन करीब 3 से 4 घंटे तक स्थिति जस की तस बनी रही। यात्रियों को इस दौरान भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
ड्राइवर ने दर्ज कराई रिपोर्ट
लंबे समय तक जाम में फंसी आदर्श बस के चालक अजय कुमार सारथी (40 वर्ष) ने आखिरकार धरमजयगढ़ थाने पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने शिकायत के आधार पर रैरूमाखुर्द गांव के मिलन खलखो, लीनुस टोप्पो, विजय कुजूर समेत 6-7 ग्रामीणों के खिलाफ अपराध दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामला संवेदनशील है और मृत युवक की मौत की जांच जारी है। वहीं, सड़क जाम करने वाले ग्रामीणों पर कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल इलाके में स्थिति सामान्य बताई जा रही है।












