महिला अधिवक्ता हत्याकांड पर वकीलों का आक्रोश, रैली निकालकर एसएसपी को सौंपा ज्ञापन

रायगढ़। पूंजीपथरा थाना क्षेत्र के तुमीडीह डैम के पास जंगल में मिली महिला अधिवक्ता की हत्या के मामले में अब अधिवक्ताओं का आक्रोश सामने आने लगा है। आरोपियों की गिरफ्तारी अब तक नहीं होने पर शुक्रवार को जिले के अधिवक्ताओं ने रैली निकालकर एसपी कार्यालय पहुंचकर एसएसपी को ज्ञापन सौंपा और मामले में शामिल आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की।
जंगल में मिली युवती की लाश की पहचान अधिवक्ता के रूप में हुई थी
जानकारी के अनुसार, बीते मंगलवार की शाम पूंजीपथरा थाना क्षेत्र के तुमीडीह डैम के समीप जंगल में एक युवती का शव बरामद हुआ था। पुलिस जांच के बाद मृतका की पहचान लैलूंगा ब्लॉक निवासी आराधना सिदार के रूप में हुई। बताया गया कि वह पिछले कुछ समय से रायगढ़ में अधिवक्ता के रूप में कार्य कर रही थीं।
श्रद्धांजलि सभा के बाद अधिवक्ताओं ने निकाली रैली
महिला अधिवक्ता की हत्या से नाराज जिला अधिवक्ता संघ के पदाधिकारी और सदस्यों ने पहले न्यायालय परिसर में दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं ने रैली निकालकर एसपी कार्यालय पहुंचकर एसएसपी शशि मोहन सिंह से मुलाकात की और ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया कि आराधना सिदार जिला अधिवक्ता संघ की नियमित सदस्य थीं और उनकी हत्या बेहद गंभीर परिस्थितियों में हुई है। अधिवक्ताओं ने मामले की सूक्ष्म जांच करते हुए दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की।
परिजनों ने जल्द गिरफ्तारी की मांग उठाई
मृतका की छोटी बहन ने बताया कि उन्होंने आराधना को फोन किया था, लेकिन उनका मोबाइल बंद आ रहा था। 13 मई को मोबाइल चालू होने पर किसी दूसरी युवती ने फोन उठाया और कहा कि आराधना सो रही हैं। साथ ही उसने आराधना की आवाज में बात करने का प्रयास भी किया।
परिजनों का कहना है कि फिलहाल उन्हें किसी पर सीधा संदेह नहीं है, लेकिन मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी जरूरी है।
एसएसपी बोले – पेशेवर तरीके से जांच जारी
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने अधिवक्ता संघ को आश्वस्त करते हुए कहा कि आराधना सिदार हत्या मामले में अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस इस पूरे मामले की गंभीरता से और पेशेवर तरीके से जांच कर रही है तथा जल्द ही आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
जिला अधिवक्ता संघ ने आरोपी की पैरवी न करने की कही बात
जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष लालमणि त्रिपाठी ने कहा कि अधिवक्ता संघ ने निष्पक्ष जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है। उन्होंने बताया कि आराधना सिदार ने जनवरी 2026 में जिला अधिवक्ता संघ की सदस्यता ली थी और जूनियर अधिवक्ता होने के कारण अपने कार्य में व्यस्त रहती थीं।
उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले में आरोपी की पैरवी कोई भी स्थानीय अधिवक्ता नहीं करेगा। यदि बाहर से कोई अधिवक्ता पैरवी के लिए आता है, तो उनसे भी ऐसा नहीं करने का अनुरोध किया जाएगा।






