शिक्षकों की कमी से नाराज छात्रों ने किया चक्काजाम, 12 घंटे तक मुख्य मार्ग पर डटे रहे 400 विद्यार्थी

स्वामी आत्मानंद स्कूल पेंड्रावन में 400 छात्रों के लिए सिर्फ 3 शिक्षक, मंत्री से फोन पर बातचीत के बाद खत्म हुआ प्रदर्शन
खैरागढ़। पेंड्रावन स्थित स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल में शिक्षकों की कमी से परेशान करीब 400 छात्र-छात्राओं ने मंगलवार को चक्काजाम कर दिया। कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थी दोपहर में खैरागढ़-धमधा मुख्य मार्ग पर बैठ गए और पर्याप्त शिक्षकों की नियुक्ति की मांग करने लगे। छात्रों का कहना था कि शिक्षकों की कमी के कारण कई विषयों की नियमित कक्षाएं नहीं लग पा रही हैं और पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
400 छात्रों के लिए सिर्फ 3 शिक्षक
प्रदर्शन कर रहे छात्रों के अनुसार स्कूल में करीब 400 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं, जबकि उन्हें पढ़ाने के लिए केवल 3 शिक्षक उपलब्ध हैं। छात्रों का दावा है कि स्कूल में कम से कम 17 शिक्षकों की आवश्यकता है।
शिक्षकों की कमी का सबसे अधिक असर आर्ट्स और कॉमर्स संकाय के विद्यार्थियों पर पड़ रहा है। कई विषयों की कक्षाएं नियमित रूप से नहीं लगने के कारण सिलेबस पूरा नहीं हो पा रहा है। विद्यार्थियों को आगामी परीक्षाओं की तैयारी को लेकर भी चिंता है।
“शिक्षक नहीं मिले तो सिलेबस कैसे होगा पूरा?”
छात्रों का कहना था कि वे सड़क पर बैठकर प्रदर्शन नहीं करना चाहते, लेकिन लंबे समय से पढ़ाई प्रभावित होने के कारण उन्हें मजबूर होकर यह कदम उठाना पड़ा। विद्यार्थियों ने स्पष्ट किया कि पर्याप्त शिक्षक उपलब्ध कराए जाने के बाद वे स्कूल लौटकर नियमित पढ़ाई शुरू कर देंगे।
मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने छात्रों से बातचीत कर प्रदर्शन समाप्त करने की अपील की, लेकिन विद्यार्थी अपनी मांग पूरी होने तक सड़क से हटने को तैयार नहीं हुए।
21 अगस्त को भी किया था प्रदर्शन
शिक्षकों की कमी को लेकर विद्यार्थियों ने 21 अगस्त को भी प्रदर्शन किया था। उस समय अधिकारियों ने जल्द समस्या का समाधान करने का आश्वासन दिया था। लेकिन 25 अगस्त तक पर्याप्त शिक्षकों की व्यवस्था नहीं होने पर छात्रों ने दोबारा आंदोलन शुरू कर दिया।
मंत्री से फोन पर बातचीत के बाद खत्म हुआ चक्काजाम
मंगलवार दोपहर शुरू हुआ प्रदर्शन करीब 12 घंटे तक चला। इस दौरान खैरागढ़-धमधा मुख्य मार्ग पर यातायात प्रभावित रहा। अधिकारी लगातार छात्रों से सड़क खाली करने की अपील करते रहे, लेकिन विद्यार्थी अपनी मांग पर अड़े रहे।
आखिरकार रात करीब 12 बजे मंत्री से फोन पर बातचीत होने के बाद छात्रों ने प्रदर्शन समाप्त किया। अब विद्यार्थियों को उम्मीद है कि स्कूल में जल्द पर्याप्त शिक्षकों की व्यवस्था की जाएगी और उनकी पढ़ाई दोबारा सुचारु रूप से शुरू हो सकेगी।






