शिक्षक दिवस पर मुख्यमंत्री साय का गुरुजनों के नाम आत्मीय पत्र, कहा—हर बच्चे की प्रतिभा को पहचानें

विद्यार्थी जीवन की स्मृतियां साझा कर शिक्षकों के प्रति जताया आभार, अभावग्रस्त बच्चों का हाथ थामने का किया आह्वान
रायपुर। शिक्षक दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेश के सभी गुरुजनों के नाम आत्मीय पत्र लिखकर उन्हें सादर नमन किया। मुख्यमंत्री ने अपने पत्र में विद्यार्थी जीवन की स्मृतियों को साझा करते हुए बचपन के संघर्ष, उस दौर में शिक्षा हासिल करने की कठिनाइयों और वर्तमान समय में शिक्षा के क्षेत्र में आए व्यापक बदलावों का भावपूर्ण उल्लेख किया।
बचपन के संघर्ष और शिक्षा की कठिनाइयों को किया याद
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि जीवन में व्यक्ति चाहे कितनी भी ऊंचाई हासिल कर ले, अपने शिक्षकों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का भाव कभी कम नहीं होता। उन्होंने अपने विद्यार्थी जीवन के उन दिनों को याद किया, जब सीमित संसाधनों और अनेक कठिनाइयों के बीच शिक्षा प्राप्त करना चुनौतीपूर्ण हुआ करता था।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज जब उन्हें मुख्यमंत्री के रूप में प्रदेश के बच्चों के भविष्य और उनकी शिक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय लेने का अवसर मिलता है, तब बचपन और विद्यार्थी जीवन की स्मृतियां और भी गहराई से याद आती हैं।
हर बच्चे में छिपी प्रतिभा को पहचानने की अपील
मुख्यमंत्री ने प्रदेश के शिक्षकों से आह्वान किया कि वे केवल पाठ्यक्रम पूरा कराने तक सीमित न रहें, बल्कि प्रत्येक बच्चे के भीतर छिपी संभावनाओं और प्रतिभा को पहचानने का प्रयास करें। उन्होंने विशेष रूप से उन बच्चों का हाथ थामने की अपील की, जो आर्थिक अभाव, संकोच, परिस्थितियों या किसी अन्य कारण से आगे बढ़ने में पीछे रह जाते हैं।
शिक्षा से बदल सकता है बच्चों का भविष्य
मुख्यमंत्री ने शिक्षकों की भूमिका को बच्चों के भविष्य निर्माण में महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि एक शिक्षक का मार्गदर्शन किसी विद्यार्थी के जीवन की दिशा बदल सकता है। शिक्षक बच्चों में ज्ञान के साथ संस्कार, आत्मविश्वास और जिम्मेदारी की भावना विकसित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कहा कि बदलते समय के साथ शिक्षा के क्षेत्र में व्यापक परिवर्तन हुए हैं। आधुनिक संसाधनों और नई तकनीकों ने विद्यार्थियों के लिए सीखने के अवसरों का विस्तार किया है। ऐसे समय में शिक्षक बच्चों को इन अवसरों का बेहतर उपयोग करने के लिए प्रेरित कर सकते हैं।
गुरुजनों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का भाव
मुख्यमंत्री साय ने अपने पत्र के माध्यम से प्रदेश के सभी शिक्षकों के योगदान के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज के भविष्य को आकार देने का कार्य करते हैं और उनके योगदान का प्रभाव केवल कक्षा तक सीमित नहीं रहता, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के निर्माण में दिखाई देता है।
शिक्षक दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री का यह संदेश शिक्षा के साथ संवेदनशीलता, समान अवसर और प्रत्येक बच्चे को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी पर केंद्रित रहा।






