खरसिया में भूमि विवाद ने पकड़ा तूल, जेसीबी और भीड़ के साथ कब्जे के प्रयास का आरोप; परिवार ने मांगी सुरक्षा

रायगढ़। खरसिया क्षेत्र में भूमि विवाद से जुड़ा मामला प्रशासन और पुलिस की कार्रवाई को लेकर चर्चा में है। रायगढ़ चौक निवासी चंद्रमणि कुम्हार ने आरोप लगाया है कि विवादित भूमि पर कथित रूप से जबरन कब्जा करने और मकान को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया गया। शिकायतकर्ता के अनुसार कुछ लोग जेसीबी और बड़ी संख्या में लोगों के साथ मौके पर पहुंचे थे।
पीड़ित परिवार ने मामले की निष्पक्ष जांच, विवादित भूमि का मौके पर निरीक्षण और सुरक्षा की मांग करते हुए कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक रायगढ़ से हस्तक्षेप की अपील की है। हालांकि, मामले में दूसरे पक्ष और प्रशासन का विस्तृत पक्ष सामने नहीं आया है। लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि भी नहीं हो सकी है।
इन खसरों की जमीन को लेकर विवाद
शिकायतकर्ता चंद्रमणि कुम्हार के अनुसार खरसिया तहसील के पटवारी हल्का नंबर 20 में स्थित खसरा नंबर 578/22, 578/24, 578/25, 578/26, 578/30, 578/33 और 578/42 की भूमि को लेकर विवाद चल रहा है।
उनका आरोप है कि कुछ लोग कथित तौर पर 50 से 100 लोगों के साथ जेसीबी लेकर मौके पर पहुंचे और विवादित भूमि पर मौजूद मकान को तोड़ने तथा जमीन पर कब्जा करने का प्रयास किया। शिकायतकर्ता ने गाली-गलौज और धमकी देने के भी आरोप लगाए हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
22 अगस्त को पुलिस चौकी में शिकायत का दावा
चंद्रमणि कुम्हार का कहना है कि उन्होंने घटना के संबंध में 22 अगस्त 2026 को खरसिया पुलिस चौकी में शिकायत देकर पूरी जानकारी दी थी। उनका आरोप है कि शिकायत के बाद भी विवादित भूमि पर कथित निर्माण और कब्जे की गतिविधियों को रोकने के लिए अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई।
परिवार का कहना है कि भूमि विवाद का समाधान राजस्व एवं कानूनी प्रक्रिया के तहत होना चाहिए। किसी भी पक्ष को कानून अपने हाथ में लेकर जबरन कब्जा करने, निर्माण करने या किसी की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।
राजस्व रिकॉर्ड के आधार पर जांच की मांग
शिकायतकर्ता ने प्रशासन से मांग की है कि विवादित स्थल का मौके पर निरीक्षण कराया जाए और राजस्व रिकॉर्ड एवं संबंधित दस्तावेजों के आधार पर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाए। परिवार ने यह भी मांग की है कि यदि जांच में किसी प्रकार की अवैध गतिविधि सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
परिवार ने सुरक्षा की लगाई गुहार
पीड़ित परिवार का कहना है कि वे किसी तरह का टकराव नहीं चाहते, लेकिन लगातार तनाव के कारण उन्हें अपनी सुरक्षा की चिंता है। परिवार ने कलेक्टर और एसपी से तत्काल हस्तक्षेप कर आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।
शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया है कि संबंधित पक्ष की प्रभावशाली राजनीतिक पहुंच होने की बात कही जा रही है। हालांकि, इस दावे की भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
दूसरे पक्ष का बयान आने के बाद तस्वीर होगी साफ
फिलहाल मामले में शिकायतकर्ता की ओर से लगाए गए आरोप ही सामने आए हैं। दूसरे पक्ष और प्रशासन का विस्तृत पक्ष सामने आने के बाद विवाद की वास्तविक स्थिति और अब तक हुई कार्रवाई को लेकर तस्वीर अधिक स्पष्ट हो सकेगी।






