ऑक्सीजोन से गायब हुआ हरा-भरा आम का पेड़, बिना अनुमति कटने के बाद उठे सवाल

रायपुर। कलेक्टोरेट परिसर स्थित ऑक्सीजोन में कुछ दिन पहले तक तिरंगे के रंगों से सजा नजर आने वाला हरा-भरा आम का पेड़ अब वहां दिखाई नहीं दे रहा है। पेड़ काटे जाने के बाद नगर निगम प्रशासन की कार्यप्रणाली और अनुमति प्रक्रिया को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
किसके आदेश पर काटा गया पेड़?
सबसे बड़ा सवाल यह है कि ऑक्सीजोन परिसर में मौजूद आम के पेड़ को आखिर किसके निर्देश पर काटा गया और इसके लिए अनुमति किस अधिकारी से ली गई थी। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, जोन-4 की कमिश्नर दिव्या चंद्रवंशी ने पेड़ काटने की अनुमति दिए जाने से इनकार किया है। उनका कहना है कि उन्हें पेड़ काटे जाने की जानकारी भी नहीं थी।
नगर निगम ने शुरू कराई जांच
मामला सामने आने के बाद नगर निगम प्रशासन ने इसे गंभीरता से लेते हुए तथ्यात्मक जांच के निर्देश दिए हैं। अब जांच के जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि पेड़ काटने का निर्णय किस स्तर पर लिया गया और इसके लिए निर्धारित प्रक्रिया का पालन किया गया था या नहीं।
जांच के बाद स्पष्ट होगी जिम्मेदारी
ऑक्सीजोन जैसे सार्वजनिक परिसर में बिना स्पष्ट अनुमति पेड़ काटे जाने की पुष्टि होने पर जिम्मेदारी तय किए जाने की संभावना है। फिलहाल नगर निगम की जांच रिपोर्ट का इंतजार है, जिसके बाद पेड़ काटे जाने के वास्तविक कारण और जिम्मेदार लोगों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।






