
सक्ती। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में भ्रष्टाचार का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जैजैपुर जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत खजुरानी में करीब 14 लाख रुपए की लागत से बनने वाली सीसी रोड का निर्माण केवल कागजों में ही पूरा दिखा दिया गया, जबकि मौके पर सड़क का कोई अस्तित्व नहीं मिला। इस मामले में तत्कालीन सरपंच और इंजीनियर की मिलीभगत की बात सामने आई है।
जांच में खुली पोल
बताया जा रहा है कि निर्माण कार्यों का फिजिकल वेरिफिकेशन करने के दौरान जब एसडीओ ने खजुरानी पंचायत में जांच की, तो दस्तावेजों में दर्ज सड़क की जगह सिर्फ कच्ची जमीन और धूल दिखाई दी। करीब 14 लाख रुपए की लागत से बनी बताई जा रही सीसी रोड का कहीं भी नामोनिशान नहीं था।
बिना निर्माण के कर दिया मूल्यांकन
जांच में यह भी सामने आया कि तत्कालीन सरपंच राधेश्याम चंद्रा और इंजीनियर धनंजय चंद्रा के बीच सांठगांठ थी। आरोप है कि इंजीनियर ने बिना सड़क बने ही उसका मूल्यांकन कर दिया और रिपोर्ट में निर्माण कार्य को पूरा दिखा दिया, ताकि भुगतान आसानी से हो सके।
प्रशासन सख्त, कार्रवाई की तैयारी
मामले के सामने आने के बाद जनपद पंचायत जैजैपुर में हड़कंप मच गया है। जनपद पंचायत के सीईओ ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी राशि के दुरुपयोग में शामिल लोगों को बख्शा नहीं जाएगा।
सरपंच ने आरोपों से किया इनकार
वहीं, पूर्व सरपंच राधेश्याम चंद्रा ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि निर्माण कार्य पूरी तरह कागजी नहीं है, बल्कि कुछ हिस्सा अधूरा रह गया है। हालांकि प्रशासनिक जांच में जमीनी स्थिति कुछ और ही सामने आई है। फिलहाल मामले में विभागीय और कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।






