Uncategorised

कलेक्टर ने समय-सीमा बैठक में की समीक्षा, लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण के निर्देश

Advertisement

रायगढ़ । कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा बैठक में कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने विभिन्न विभागों की कार्य प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने लंबित प्रकरणों, जनदर्शन एवं पीजीएन पोर्टल से प्राप्त आवेदनों और विभागीय योजनाओं पर चर्चा करते हुए समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण के निर्देश दिए।

कलेक्टर ने कहा कि वर्ष 2024-25 के बजट में जिले के लिए स्वीकृत अधोसंरचना विकास कार्यों को शीघ्र प्रारंभ किया जाए। जिन कार्यों की प्रशासकीय स्वीकृति लंबित है, उन्हें तत्काल सुनिश्चित किया जाए तथा जहां स्वीकृति मिल चुकी है वहां टेंडर प्रक्रिया शीघ्र पूरी की जाए।

पीएमजीएसवाई, पीडब्ल्यूडी, महिला एवं बाल विकास सहित विभिन्न विभागों की प्रगति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने अप्रारंभ कार्यों को तुरंत शुरू करने और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े निर्माण कार्यों को गति देने के निर्देश दिए। साथ ही अवैध निर्माण एवं शासकीय भूमि पर अतिक्रमण के मामलों में कठोर कार्रवाई करने के आदेश दिए।

बैठक में जिला पंचायत सीईओ जितेंद्र यादव, सहायक कलेक्टर अक्षय डोसी, नगर निगम आयुक्त बृजेश सिंह क्षत्रिय, अपर कलेक्टर अपूर्व प्रियेश टोप्पो, रवि राही, डॉ. प्रियंका वर्मा सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

जनदर्शन में सुनी गई आम जनता की समस्याएँ
जनदर्शन के दौरान ग्राम नंदगांव के ग्रामीणों ने अधूरे सांस्कृतिक मंच, पचरी और शौचालय निर्माण की शिकायत दर्ज कराई। जिस पर कलेक्टर ने जिला पंचायत सीईओ को टीम गठित कर 7 दिवस में जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

ग्राम विजयनगर के लोगों ने आश्रित ग्राम कोमापारा को राजस्व ग्राम का दर्जा देने की मांग की, जिस पर कलेक्टर ने प्रस्ताव शासन को भेजने के निर्देश दिए। ग्राम बड़े देवगांव की महेतरीन बाई ने ऑनलाइन राजस्व रिकॉर्ड दुरुस्ती की समस्या रखी, ग्राम छपोरा के गुणसागर डडसेना ने शौचालय निर्माण की राशि दिलाने का आवेदन दिया और ग्राम तुरेकेला के ग्रामीणों ने नवनिर्मित सीसी रोड की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए जांच की मांग की।

Advertisement
Advertisement

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button