छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय और पंचायत चुनाव 2026: तारीखों का ऐलान, 1 जून को मतदान, 4 जून को रिजल्ट

रायपुर. छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग ने नगरीय निकायों और त्रिस्तरीय पंचायतों के आम एवं उप चुनाव 2026 का कार्यक्रम जारी कर दिया है. चुनाव प्रक्रिया 11 मई 2026 से शुरू होकर 4 जून 2026 तक चलेगी. दोनों चुनाव एक ही चरण में कराए जाएंगे. इसमें 4 नगर पंचायतों में चुनाव और एक नगर पंचायत में अध्यक्ष पद के लिए उपचुनाव होगा.
11 मई से नामांकन, 1 जून को मतदान, 4 जून को रिजल्ट
निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार उम्मीदवार 11 मई से 18 मई 2026 तक नाम निर्देशन पत्र जमा कर सकेंगे. वहीं नामांकन पत्रों की जांच 19 मई और नाम वापसी की अंतिम तिथि 21 मई तय की गई है.
राज्य निर्वाचन आयोग के अनुसार नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए मतदान 1 जून 2026 को होगा. नगरीय निकाय में सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे और पंचायत चुनाव में सुबह 7 बजे से दोपहर 3 बजे तक मतदान होगा. वहीं मतगणना और परिणामों की घोषणा 4 जून 2026 को की जाएगी.

11 मई से नामांकन, 1 जून को मतदान, 4 जून को रिजल्ट
कितने पदों पर होगा चुनाव
नगरीय निकाय चुनाव
- अध्यक्ष पद- 5
- पार्षद पद- 77
- कुल रिक्त पद- 82
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव
- जनपद पंचायत सदस्य- 10
- सरपंच- 82
- पंच- 1136
- कुल रिक्त पद- 1228
इन नगर पंचायतों में होंगे चुनाव
- नगर पंचायत बम्हनीडीह
- नगर पंचायत शिवनंदनपुर
- नगर पंचायत पलारी
- नगर पंचायत घुमका
अध्यक्ष पद के लिए उपचुनाव
4 नगर पंचायतों में चुनाव के अलावा नगर पंचायत सहसपुर लोहारा (कबीरधाम) में सिर्फ अध्यक्ष पद के लिए उपचुनाव होगा. दरअसल यहां के निर्वाचित अध्यक्ष संतोष मिश्रा का आकस्मिक निधन 25 जनवरी को हो गया था.

छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय चुनाव 2026
कितने मतदाता करेंगे मतदान
राज्य निर्वाचन आयुक्त अजय सिंह के मुताबिक नगरीय निकाय चुनाव में कुल मतदाता- 44,525 होंगे और मतदान केंद्र- 115 बनाए जाएंगे. वहीं पंचायत चुनाव में कुल मतदाता 10 लाख 37 हजार से अधिक हैं. 2026 के पंचायत चुनाव में कुल मतदान केंद्र 937 होंगे.
किस तरीके से होगा मतदान
नगरीय निकाय चुनाव दलीय आधार पर EVM से कराए जाएंगे. वहीं पंचायत चुनाव गैर-दलीय आधार पर मतपेटी के जरिए होंगे.

छत्तीसगढ़ में पंचायत चुनाव 2026
चुनाव के लिए प्रशासनिक तैयारी पूरी
राज्य निर्वाचन आयोग ने स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए व्यापक तैयारियां पूरी कर ली हैं. इसके लिए 5 व्यय प्रेक्षक नियुक्त किए गए हैं. 33 सामान्य प्रेक्षक तैनात हैं. साथ ही अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया. आयोग ने सभी अधिकारियों को समय सीमा के भीतर निष्पक्ष तरीके से चुनाव प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए हैं.






