राज्यसभा में 37 सांसदों का कार्यकाल समाप्त, पीएम मोदी ने विदाई भाषण दिया

नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र के दौरान आज राज्यसभा से 37 सांसदों का कार्यकाल समाप्त हो गया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सदन में विदाई भाषण देते हुए सांसदों के योगदान की सराहना की।
पीएम मोदी का संदेश
प्रधानमंत्री ने कहा कि राज्यसभा में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा होती है और प्रत्येक सदस्य का इसमें एक अनूठा योगदान होता है। उन्होंने अपने भाषण में कहा:
> “ऐसे क्षणों में, दलीय सीमाओं से ऊपर उठकर आपसी सम्मान की भावना उत्पन्न होती है। राजनीति में कोई पूर्ण विराम नहीं होता, कार्यकाल समाप्त होने के बाद भी आप देश की सेवा में योगदान दे सकते हैं।”
पीएम मोदी ने वरिष्ठ नेताओं एच डी देवेगौड़ा, मल्लिकार्जुन खरगे और शरद पवार का उदाहरण देते हुए कहा कि नव निर्वाचित सांसदों को उनके अनुभव से सीखना चाहिए।
कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खरगे का जवाब
राज्यसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि राजनीति और सार्वजनिक जीवन में लगे लोग देश की सेवा करने के जुनून से कभी थकते नहीं हैं। उन्होंने यह भी कहा कि नियमों की समीक्षा जरूरी है और अनुभवियों का योगदान अनमोल है।
हास्य और व्यंग्य के लिए अठावले जी को याद किया
पीएम मोदी ने अठावले जी का उल्लेख करते हुए कहा कि सदन में हास्य और व्यंग्य का योगदान उनका हमेशा याद रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि अठावले जी अब जा रहे हैं, लेकिन उनकी शैली और हास्य सदन में सदैव जीवित रहेगा।






